CTET Exam Cancelled: केंद्रीय शिक्षक पात्रता परीक्षा यानी CTET की Paper-2 परीक्षा को लेकर एक बड़ी खबर सामने आई है। सीबीएसई ने बिहार के वैशाली जिले में स्थित हाजीपुर के दो परीक्षा केंद्रों पर हुई परीक्षा को रद्द कर दिया है। अप्रत्याशित परिस्थितियों के चलते इन दोनों केंद्रों पर पेपर संपन्न नहीं हो सका, जिसके बाद बोर्ड ने प्रभावित छात्रों के लिए 15 दिनों के अंदर दोबारा परीक्षा आयोजित करने का फैसला लिया है। यह निर्णय उन सभी अभ्यर्थियों के हित में लिया गया है जो इन केंद्रों पर अपनी परीक्षा देने के लिए तैयारी करके पहुंचे थे। आइए इस पूरे मामले की विस्तृत जानकारी समझते हैं।
CTET परीक्षा रद्द होने का मामला क्या है
केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड यानी सीबीएसई ने देशभर में CTET Paper-2 की परीक्षा का आयोजन किया था। इस परीक्षा में लाखों उम्मीदवारों ने भाग लिया और पूरे देश में कुल 1803 परीक्षा केंद्र बनाए गए थे। इनमें से 1801 केंद्रों पर परीक्षा सफलतापूर्वक और बिना किसी रुकावट के संपन्न हो गई। लेकिन बिहार के वैशाली जिले के हाजीपुर में स्थित दो केंद्रों पर तकनीकी या अन्य अनियंत्रित कारणों से परीक्षा नहीं हो सकी। ये दोनों केंद्र हैं – ST John’s Academy बासमती नगर (केंद्र कोड 125016) और Lakshya International Academy (केंद्र कोड 125014)। बोर्ड ने आधिकारिक सूचना जारी करके इस बात की पुष्टि की है और साथ ही प्रभावित विद्यार्थियों के लिए जल्द ही पुनः परीक्षा का आयोजन करने की घोषणा भी की है।
CTET परीक्षा रद्द होने से जुड़ी मुख्य बातें
इस घटनाक्रम में कई महत्वपूर्ण पहलू हैं जिन्हें समझना आवश्यक है। सबसे पहली बात तो यह है कि सिर्फ दो परीक्षा केंद्रों पर ही यह समस्या आई है, बाकी सभी 1801 केंद्रों पर परीक्षा सुचारू रूप से हुई है। दूसरी अहम बात यह है कि सीबीएसई ने बहुत तेजी से फैसला लेते हुए 15 दिनों के भीतर दोबारा पेपर कराने का वादा किया है। तीसरी बात, केवल वैशाली हाजीपुर के इन दोनों विशेष केंद्रों के छात्रों को ही दोबारा परीक्षा देनी होगी। चौथी जानकारी यह है कि बोर्ड प्रभावित अभ्यर्थियों को अलग से नई परीक्षा तिथि और पूरा शेड्यूल सूचित करेगा। इससे यह स्पष्ट है कि बोर्ड छात्रों के साथ पूर्ण पारदर्शिता और निष्पक्षता बरत रहा है।
CTET परीक्षा रद्द होने का छात्रों पर असर
इस पूरे प्रकरण का सबसे ज्यादा प्रभाव उन अभ्यर्थियों पर पड़ा है जो इन दोनों केंद्रों पर परीक्षा देने के लिए महीनों से तैयारी कर रहे थे। जब वे पूरी तैयारी के साथ परीक्षा केंद्र पर पहुंचे और उन्हें पता चला कि पेपर नहीं हो पाएगा, तो यह निश्चित रूप से उनके लिए निराशाजनक स्थिति रही होगी। हालांकि सीबीएसई की त्वरित कार्रवाई और पुनः परीक्षा की घोषणा से इन छात्रों को राहत मिली है। अब उन्हें एक और मौका मिलेगा और वे अपनी तैयारी को और भी बेहतर बना सकते हैं। बोर्ड ने प्रभावित छात्रों से हुई असुविधा के लिए खेद प्रकट किया है और आश्वासन दिया है कि उनके साथ हर संभव न्याय किया जाएगा।
CTET पुनः परीक्षा की खास बातें
इस दोबारा होने वाली परीक्षा की कुछ विशेष बातें ध्यान देने योग्य हैं। पहली खासियत यह है कि यह परीक्षा केवल उन्हीं छात्रों के लिए आयोजित होगी जो इन दोनों प्रभावित केंद्रों पर पेपर देने वाले थे, बाकी सभी केंद्रों के परिणाम सामान्य प्रक्रिया से जारी किए जाएंगे। दूसरी विशेषता यह है कि बोर्ड ने 15 दिनों की स्पष्ट समय सीमा निर्धारित की है जिसके अंदर नई परीक्षा संपन्न करवाई जाएगी। तीसरी खास बात यह है कि प्रभावित विद्यार्थियों को नई तारीख और पूरा कार्यक्रम अलग से सूचित किया जाएगा ताकि उन्हें किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े। यह पूरी व्यवस्था बोर्ड की जवाबदेही और पारदर्शिता को दर्शाती है।
CTET पुनः परीक्षा का उद्देश्य और मकसद
सीबीएसई ने यह फैसला पूरी तरह से छात्रों के हित को सर्वोपरि रखते हुए लिया है। बोर्ड का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि किसी भी हालत में किसी भी उम्मीदवार के साथ कोई अन्याय न हो और सभी को समान अवसर प्राप्त हो। CTET एक अत्यंत महत्वपूर्ण परीक्षा है जो शिक्षक बनने के सपने को साकार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। यदि किसी अनियंत्रित परिस्थिति के कारण कुछ छात्रों की परीक्षा नहीं हो पाती तो इसका सीधा असर उनके भविष्य पर पड़ सकता है। इसलिए बोर्ड ने जिम्मेदारी दिखाते हुए जल्द से जल्द दोबारा परीक्षा का इंतजाम किया है। इस कदम से शिक्षा प्रणाली में पारदर्शिता और न्याय की भावना मजबूत होती है।
